

(अंतरा 1)
साक्षी का दिन है आज खास,
खुशियों से भरी हर एक सांस।
तेरी मुस्कान से रोशन हर पल,
तेरे बिना अधूरा है हर एक बल।
(कोरस)
जन्मदिन मुबारक, साक्षी प्यारी,
तेरे बिना सब कुछ है अधूरी सी बात सारी।
तेरे सपनों को मिले हर सफलता,
तेरे जीवन में हो प्यार और खुशियों की झलकता।
(अंतरा 2)
केक पर जलें मोमबत्तियां,
संग मिलकर गाएं सब दुआएं।
साक्षी, तेरे हर ख्वाब को मिले पूरा यकीन,
तेरे हर पल में हो हसीन।
(कोरस)
जन्मदिन मुबारक, साक्षी प्यारी,
तेरे बिना सब कुछ है अधूरी सी बात सारी।
तेरे सपनों को मिले हर सफलता,
तेरे जीवन में हो प्यार और खुशियों की झलकता।
(अंतरा 3)
तेरे संग बिताए हर लम्हा है अनमोल,
तेरे बिना सब अधूरी सी बातें हैं गोल।
साक्षी, तू है सबकी खुशी का कारण,
तेरे बिना सब कुछ है अधूरा, सच का आडंबर।
(कोरस)
जन्मदिन मुबारक, साक्षी प्यारी,
तेरे बिना सब कुछ है अधूरी सी बात सारी।
तेरे सपनों को मिले हर सफलता,
तेरे जीवन में हो प्यार और खुशियों की झलकता।
(आउट्रो)
तेरी हंसी से सजी हो हर सुबह,
तेरे बिना सब कुछ अधूरा सा, सब है सब्र।
साक्षी, तेरे जन्मदिन पर हमारी दुआ,
तेरे जीवन को भर दे हर खुशी से हवा।


(अंतरा 1)
आज का दिन है साक्षी के नाम,
खुशियों से भरी है यह प्यारी शाम।
तेरे चेहरे की मुस्कान है खास,
तेरे बिना अधूरा है यह प्यारा एहसास।
(कोरस)
जन्मदिन मुबारक, साक्षी प्यारी,
तेरे बिना सब कुछ है अधूरी सी बात सारी।
तेरे सपनों को मिले हर सफलता,
तेरे जीवन में हो प्यार और खुशियों की झलकता।
(अंतरा 2)
सपनों से भरी हो तेरी हर रात,
तेरे संग हर खुशी की बात।
साक्षी, तू है सबसे खास,
तेरे बिना अधूरा है यह प्यारा एहसास।
(कोरस)
जन्मदिन मुबारक, साक्षी प्यारी,
तेरे बिना सब कुछ है अधूरी सी बात सारी।
तेरे सपनों को मिले हर सफलता,
तेरे जीवन में हो प्यार और खुशियों की झलकता।
(अंतरा 3)
तेरी हंसी से रोशन हो हर दिन,
तेरे संग सब हो जाता हसीन।
साक्षी, तू हो दिलों का सुख,
तेरे बिना सब अधूरा, सब रिक्त।
(कोरस)
जन्मदिन मुबारक, साक्षी प्यारी,
तेरे बिना सब कुछ है अधूरी सी बात सारी।
तेरे सपनों को मिले हर सफलता,
तेरे जीवन में हो प्यार और खुशियों की झलकता।
(आउट्रो)
तेरी हर खुशी का कारण हो,
तेरे संग हर दिन सुखद हो।
साक्षी, तेरे जन्मदिन पर हमारी दुआ,
तेरे जीवन को भर दे हर खुशी से हवा।